दैनिक प्रार्थना

हमारे मन में सबके प्रति प्रेम, सहानुभूति, मित्रता और शांतिपूर्वक साथ रहने का भाव हो


दैनिक प्रार्थना

है आद्य्शक्ति, जगत्जन्नी, कल्याणकारिणी, विघ्न्हारिणी माँ,
सब पर कृपा करो, दया करो, कुशल-मंगल करो,
सब सुखी हों, स्वस्थ हों, सानंद हों, दीर्घायु हों,
सबके मन में संतोष हो, परोपकार की भावना हो,
आपके चरणों में सब की भक्ति बनी रहे,
सबके मन में एक दूसरे के प्रति प्रेम भाव हो,
सहानुभूति की भावना हो, आदर की भावना हो,
मिल-जुल कर शान्ति पूर्वक एक साथ रहने की भावना हो,
माँ सबके मन में निवास करो.

Thursday, 31 January 2008

आशा करना छोड़ दें क्वांरी पत्नी की

वह एक सेलिब्रिटी हैं,
लोग उनके आटोग्राफ लेते हैं,
उन्हें सपनो मैं देखते हैं,
वह प्यार भरे दिलों का आदर्श हैं.

उन्होंने संबोधित किया भारत के पुरुषों को,
आशा करना छोड़ दें क्वांरी पत्नी की,
वुद्धिजीविओं ने कहा सही बात है,
प्रगतिशील भारत मैं अब कहाँ मिलेगी क्वांरी कन्या?
पुरानी भारतीय मान्यताओं मैं फंसे वेबकूफों ने,
हर बार की तरह इस बार भी विरोध किया.

सरकार तलाशती रही एक योग्य व्यक्ति,
भारत रत्न एवार्ड देने के लिए,
मैं नहीं समझ पाया,
क्यों नहीं आई नजर उन्हें यह महान सेलेब्रिटी?

लिव-इन रिलेशनशिप

एक राजा और एक रानी मिले एक पार्टी मैं,
गिर पड़े प्यार मैं एक दूसरे के साथ प्रथम द्रष्टि मैं.

दोनों थे पड़े लिखे और बुद्धिजीवी,
प्रगतिशील विचारों के और विरोधी पुरानी मान्यताओं के,
छटपटाते थे मुक्त होने को दकिआनूसी सामाजिक प्रथाओं से.
रहने लगे साथ लिव-इन रिलेशनशिप मैं.

एक दिन राजा गिर पड़ा प्यार मैं एक और रानी के,
ले आया उसे भी साथ रहने को,
रानी को यह नहीं भाया और उसने भी चक्कर चलाया,
गिर पड़ी प्यार मैं वह भी एक और राजा के,
बिन विवाह बढ़ने लगा लिव-इन परिवार,
एक रानी माँ बनी एक राजकुमारी की.

हमारे माँ बाप ने हमें कोई काम की बात नहीं सिखाई,
हम इसे सब कुछ सिखायेंगे,
हमारे माँ बाप ने जो जिम्मेदारी पूरी नहीं की,
वह हम पूरी कर दिखायेंगे,
दूसरी रानी ने पूरी की अपनी जिम्मेदारी,
वह बनी माँ एक राजकुमार की,
राजकुमार और राजकुमारी,
लिव-इन माता पिता की देख रेख मैं,
बचपन से ही रहने लगे लिव-इन रिलेशनशिप मैं.

भारत के पहला लिव-इन परिवार,
देखे कौन तोड़ता हैं इन का रिकार्ड,
कब बनेगा नया रिकार्ड?
तीन राजा और तीन रानी,
एक लिव-इन रिलेशनशिप मैं.

तरक्की के सबूत

पैसे के लिए,
दोस्त ने दोस्त का किया अपहरण,
मार दिया उसको,
पैसे न मिलने पर.

प्रेमी या पति,
विकट समस्या,
उलझन मैं पड़ी भारतीय नारी,
उन्नत पातिव्रत धर्म काम आया,
प्रेमी के साथ मिल कर,
पति का गला दबाया.

चेटिंग इंटरनेट पर मज़ा दे गई,
एक लड़की से दोस्ती हो गई.
दोस्ती बदल गई प्यार मैं,
फ़िर और मजा आया,
प्यार मैं सेक्स मिलाया,
मिलने का प्रोग्राम बनाया,
होटल मैं मिलेंगें,
खूब मजे करेंगे,
सर चकरा गया,
कुछ समझ नहीं आया,
कमरे के अन्दर,
भाई ने बहन को,
बहन ने भाई को खड़ा पाया.

दिल्ली जल बोर्ड

मालवीय नगर मैं लोगों ने टैप खोले,
गन्दा पीला पानी बाहर आया,
लोगों ने शिकायत की,
अखबारों ने ख़बर छापी,
दिल्ली जल बोर्ड ने,
सीवर सिस्टम पर इल्जाम लगाया,
गन्दा पानी अभी भी आ रहा है.

मैंने दिल्ली जल बोर्ड की वेबसाईट खोली,
सीवर सिस्टम को बोर्ड का एक हिस्सा पाया,
वाह,
मान गए बोर्ड चेयरमैन को,
पानी के लिए सीवर पर,
सीवर के लिए पानी पर,
इल्जाम लगाते रहो,
जनता को वेबकूफ़ बनते रहो.

हमने शर्म से सर झुका लिया

वह सरकार मैं नहीं हैं,
फ़िर भी छपते हैं उनके फोटो,
सरकारी विज्ञापनों मैं.
उनकी पार्टी के एक नेता ने,
किया खुलासा,
वह सरकार मैं नहीं हैं,
वह ख़ुद ही सरकार हैं.

राष्ट्रपति उनकी,
उपराष्ट्रपति उनके,
प्रधान मंत्री उनके,
देश उनका,
देश की जनता उनकी,
वह सबमें व्याप्त है,
सारा देश और जनता उनमें व्याप्त है.

तिरंगे पर चक्र की जगह,
छापना चाहिए था फोटो उनका,
नोटों पर उनका फोटो,
सिक्कों पर उनका फोटो,
मुहर पर एक शेर की जगह उनका फोटो,
यह सब करके भी देश उनका ऋणी रहेगा,
और आप बात करते हैं विज्ञापनों मैं उनके फोटो की,
हमने शर्म से सर झुका लिया.

Wednesday, 30 January 2008

अँधा बांटे रेबड़ी अपने अपनों को दे

अँधा बांटे रेबड़ी अपने अपनों को दे,
बचपन मैं सुनी थी कहाबत,
चरितार्थ की नेताओं ने,
अटल जी रहे ६ वर्ष प्रधान मंत्री,
विरोधी भी करते रहे तारीफ़,
पर सरकार ने कहा अपने नहीं हैं न
इसलिए नहीं दे सकते भारत रत्न,
प्रणब को कैसे दे दिया पद्म विभूषण?
वह अपने हैं न.

अच्छा तमाशा हुआ

भज्जी बाइज्ज़त रिहा हुए
बन्दर कहने के इल्जाम से,
सजा मिली 'माँ की' गाली देने की,
अजीब हैं यह आस्टे्लियँस
बन्दर कहने पर बुरा मान गए
'माँ की' गाली पर खुश हैं.

जज ने कहा
साइमंड्स ने पहले गाली दी थी
भज्जी ने जबाब मैं दी गाली
पर सजा मिली भज्जी को
साइमंड्स साफ बच गया
अजीब इन्साफ है यह.

कभी लगता है
अच्छा तमाशा हुआ
सुनवाई बाद मैं
फ़ैसला पहले तय हुआ
मामला पैसे का था
पैसे ने करवा दी सुलह
एक दिवसीय मैच होंगे अब.

दिल्ली से गुड़गॉव

उन्होंने कहा था
दिल्ली से गुड़गॉव लगेंगे १५ से २० मिनट
पहले तो फीता इंतज़ार करता रहा नेता का
फ़िर टोल पर लगने लगी लाइनें
समय अभी भी लगता है १५ से २० मिनट
पर टोल पर रुकते हैं एक घंटा.